Search

BREAKING
स्मार्ट मीटर को लेकर एक्शन में UPPCL, चार सदस्यीय तकनीकी कमेटी बनी, IIT और रिसर्च एंड डेवलपमेंट के अधिकारी शामिल सकौती में जाटों का जमावड़ा: CM मान समेत कई दिग्गज पधारे, मंच से गरजे जाट नेता-पहचान व सम्मान से समझौता नहीं ‘पहले आस्था को अंधविश्वास कहकर अपमानित किया गया’, CM योगी का विपक्ष पर तीखा प्रहार UP पुलिस भर्ती परीक्षा में विवादित प्रश्न पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बेहद सख्त, हो सकती है कार्रवाई CM योगी की मां पर विवादित टिप्पणी करने वाले मौलाना के खिलाफ कार्रवाई, पुलिस ने दर्ज की FIR CM योगी आदित्यनाथ आज आएंगे गाजियाबाद, कई मार्गों पर रहेगा डायवर्जन भगवान नरसिंह की रंगभरी शोभायात्रा में CM योगी बोले- ‘UP भारत की आत्मा है’ होली पर गोरखनाथ मंदिर में CM योगी का जनता दर्शन, इलाज के लिए आर्थिक मदद का भरोसा CM योगी आद‍ित्‍यनाथ ने की भाजपा काशी क्षेत्र की समन्वय बैठक, तैयार‍ियों की परखी हकीकत CM Yogi का जापान दौरा: पहले दिन यूपी को मिला 11 हजार करोड़ का निवेश, नोएडा में बनेगा जापानी औद्योगिक शहर

Parliament में Rahul Gandhi को लेकर Rijiju का बड़ा हमला, बोले- Congress MPs खुद हो जाते हैं Uncomfortable

August 24, 2025By The Daily Slate

संसदीय कार्य मंत्री किरन रिजिजू ने शनिवार को कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी पर सीधा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि जब राहुल गांधी संसद में बोलते हैं, तो खुद कांग्रेस के सांसद “uncomfortable” हो जाते हैं, क्योंकि उन्हें डर रहता है कि कहीं वह अनाप-शनाप” बातें न कह दें और पार्टी को उसका खामियाज़ा न भुगतना पड़े।

राहुल गांधी अपनी पार्टी की भी नहीं सुनते: रिजिजू

एजेंसी ANI को दिए इंटरव्यू में रिजिजू ने कहा,
राहुल गांधी कुछ बोलते हैं तो उनके MPs घबरा जाते हैं। उन्हें डर होता है कि वो कुछ ऐसा न बोल दें जिससे पार्टी को नुकसान उठाना पड़े। वह अपने लोगों की भी नहीं सुनते।”

रिजिजू ने याद दिलाया कि सुप्रीम कोर्ट ने भी राहुल गांधी को चौकीदार चोर है” वाले बयान पर फटकार लगाई थी। इसके अलावा राफेल डील और चीन ने जमीन कब्जा ली जैसे बयानों पर भी राहुल गांधी को आलोचना का सामना करना पड़ा।

“अगर राहुल नहीं बोल पाते, तो दूसरों को क्यों रोका जाता है?”

रिजिजू ने कहा कि कई कांग्रेस नेता योग्य और जानकार हैं, लेकिन उन्हें बोलने का मौका ही नहीं मिलता।
अगर राहुल गांधी को बोलना नहीं आता, तो इसका मतलब ये नहीं कि दूसरे कांग्रेस MPs को भी रोक दिया जाए।”
उन्होंने कांग्रेस से अपील की कि वह संसद की चर्चाओं में हिस्सा लें, ताकि जनता के मुद्दे उठाए जा सकें।

संसद सत्र में हंगामे से कामकाज ठप

इस बार का मानसून सत्र भारी हंगामे और स्थगन की वजह से लगभग ठप रहा।

  • लोकसभा की उत्पादकता सिर्फ 31% रही।
  • राज्यसभा की उत्पादकता 39% रही।
  • लोकसभा में 120 घंटे उपलब्ध थे, लेकिन चर्चा केवल 37 घंटे चली।
  • राज्यसभा में 41 घंटे 15 मिनट ही चर्चा हो सकी।

हालांकि हंगामे के बीच संसद ने 15 अहम बिल पारित किए

संविधान संशोधन बिल पर बड़ी घोषणा

सत्र के दौरान सरकार ने एक संविधान संशोधन बिल पेश किया। इसके अनुसार –

  • अगर प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री या कोई भी मंत्री किसी गंभीर आपराधिक मामले में गिरफ्तार होकर जेल जाता है, तो उसे तुरंत पद छोड़ना होगा।
  • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खुद कहा कि उन्हें इस कानून से कोई छूट नहीं चाहिए
    “PM भी देश का नागरिक है, अगर गुनाह करेगा तो जेल जाएगा और पद छोड़ना पड़ेगा।”

रिजिजू ने कहा कि यह बिल विपक्ष को भी समर्थन करना चाहिए था, लेकिन उन्होंने सिर्फ हंगामा किया।

सत्र सरकार के लिए सफल, विपक्ष के लिए असफल

रिजिजू के मुताबिक,
संसद का मानसून सत्र राष्ट्र के नजरिये से सफल रहा, लेकिन विपक्ष के नजरिये से पूरी तरह नाकाम रहा। विपक्ष अपनी जिम्मेदारी निभाने में असफल रहा है।”

इस पूरे विवाद ने एक बार फिर राहुल गांधी की संसद में भूमिका और कांग्रेस की रणनीति पर सवाल खड़े कर दिए हैं।